“नंगे पैर पहुंचे विधायक, सीएम ने मंच से खोला विकास का पिटारा: 16 नहीं, 17 सड़कें होंगी मंजूर”
शाजापुर में सड़कों की बदहाली पर विधायक का बड़ा ऐलान—’जब तक सड़कें नहीं बनेंगी, जूते-चप्पल नहीं पहनूंगा’; मुख्यमंत्री ने कहा—’17 सड़कें देंगे, विकास में कोई कमी नहीं रहेगी।’
द्वारका न्यूज़ | प्रधान संपादक: विक्रम सिंह तोमर
दिनांक: 10 जुलाई 2026

शाजापुर। मध्य प्रदेश की राजनीति में शुक्रवार को एक अनोखा घटनाक्रम देखने को मिला। शाजापुर जिले में सड़कों की बदहाल स्थिति से नाराज विधायक ने सार्वजनिक मंच से घोषणा कर दी कि “जब तक क्षेत्र की सड़कें नहीं बन जातीं, तब तक मैं जूते-चप्पल नहीं पहनूंगा।” विधायक के इस ऐलान ने कार्यक्रम में मौजूद लोगों का ध्यान अपनी ओर खींच लिया।
मुख्यमंत्री ने विधायक की भावनाओं को गंभीरता से लेते हुए मंच से ही बड़ा ऐलान कर दिया। उन्होंने कहा कि “16 नहीं, 17 सड़कें स्वीकृत की जाएंगी। क्षेत्र के विकास में किसी प्रकार की कमी नहीं रहने दी जाएगी।” मुख्यमंत्री की इस घोषणा के बाद कार्यक्रम स्थल तालियों की गड़गड़ाहट से गूंज उठा।
विधायक ने कहा कि सड़कें केवल विकास का प्रतीक नहीं, बल्कि आम जनता की रोजमर्रा की जरूरत हैं। खराब सड़कों के कारण लोगों को लंबे समय से परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। उन्होंने कहा कि जनता की समस्या के समाधान तक उनका संकल्प जारी रहेगा।
मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को सड़क निर्माण कार्य में तेजी लाने और तय समयसीमा में गुणवत्ता के साथ कार्य पूरा कराने के निर्देश भी दिए। माना जा रहा है कि इस घोषणा से शाजापुर जिले के कई ग्रामीण और शहरी क्षेत्रों को बेहतर सड़क संपर्क मिलेगा।
मुख्य बिंदु
सड़कों की मांग को लेकर विधायक का अनोखा संकल्प।
जूते-चप्पल छोड़ने के ऐलान ने बटोरी सुर्खियां।
मुख्यमंत्री ने 16 की जगह 17 सड़कें स्वीकृत करने की घोषणा की।
विकास कार्यों में तेजी लाने के दिए निर्देश।
लीड लाइन:
“जनता की सड़क बनी सियासत का मुद्दा, विधायक के संकल्प पर मुख्यमंत्री का बड़ा फैसला।”






