पैतृक घर पर खुद गेती लेकर पहुंचे CM मोहन यादव, सिंहस्थ-2028 के लिए अपने हाथों से शुरू की मकान का हिस्सा तोड़ने की शुरुआत
द्वारका न्यूज़ | प्रधान संपादक विक्रम सिंह तोमर | 27 सितंबर 2026
उज्जैन। सिंहस्थ-2028 की तैयारियों के तहत उज्जैन में सड़क चौड़ीकरण का काम तेज हो गया है। इसी क्रम में मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने रविवार को अपने पैतृक मकान के उस हिस्से को खुद गेती चलाकर तोड़ने की शुरुआत की, जो प्रस्तावित सड़क की सीमा में आ रहा है। इस दौरान मुख्यमंत्री अपने पुराने घर से जुड़ी यादों को लेकर भावुक भी नजर आए।
मुख्यमंत्री का पैतृक मकान उज्जैन के अब्दालपुरा क्षेत्र में स्थित है। सिंहस्थ की तैयारियों के तहत खजूर वाली मस्जिद से अब्दालपुरा, जीवाजीगंज थाना होते हुए गणेश चौक तक करीब 730 मीटर लंबे मार्ग को 15 मीटर चौड़ा किया जा रहा है। इस परियोजना की जद में कुल 272 भवन बताए गए हैं। परियोजना की अनुमानित लागत करीब 9.80 करोड़ रुपये है।
1974 में बना था पैतृक मकान
रिपोर्टों के अनुसार मुख्यमंत्री के दादा रामचंद्र यादव ने वर्ष 1974 में इस मकान का निर्माण कराया था। इसी घर में मोहन यादव का बचपन बीता और परिवार की कई पुरानी यादें जुड़ी हुई हैं। सड़क चौड़ीकरण की सीमा में मकान का करीब 2.90 मीटर हिस्सा आ रहा है। मुख्यमंत्री की बहन एवं उज्जैन नगर निगम सभापति कलावती यादव के मकान का करीब 3.8 मीटर हिस्सा भी प्रभावित हो रहा है।
परिवार की ओर से विकास कार्य में सहयोग करते हुए प्रभावित हिस्से को स्वयं हटाने और मुआवजा नहीं लेने की बात कही गई है। मुख्यमंत्री ने भी सड़क चौड़ीकरण को सिंहस्थ की तैयारियों से जोड़ते हुए अपने पैतृक घर के हिस्से को हटाने की शुरुआत स्वयं की।
सिंहस्थ-2028 को लेकर उज्जैन में सड़क, यातायात और बुनियादी ढांचे से जुड़े कई काम किए जा रहे हैं। सड़क चौड़ीकरण की यह परियोजना पुराने शहर में यातायात व्यवस्था को बेहतर बनाने के उद्देश्य से चल रही है।







