विश्व गौरैया दिवस : बढ़ता हुआ प्रदूषण और रेडिएशन
विश्व गौरैया दिवस के अवसर पर गौरैया और अन्य छोटे पक्षियों की decreasing संख्या पर ध्यान दिया जा रहा है। शहरीकरण, रेडिएशन और पर्यावरणीय बदलाव इन पक्षियों के लिए खतरा बन रहे हैं। इस वीडियो में हम गौरैया की अहमियत, उनके आवास पर असर डालने वाले कारण और संरक्षण के उपायों की जानकारी साझा कर रहे हैं।
विश्व गौरैया दिवस को गौरैया के प्रति जागरूकता बढ़ाने के उद्देश्य से मनाया जाता है। इसके अलावा ये शहरी वातावरण में रहने वाले आम पक्षियों के प्रति जागरूकता लाने हेतु भी मनाया जाता है। इसे हर साल 20 मार्च के दिन मनाया जाता है।
ये नेचर फोरेवर सोसाइटी (भारत) और इको-सिस एक्शन फ़ाउंडेशन (फ्रांस) के मिले जुले प्रयास के कारण मनाया जाता है।









