इंदौर हनी ट्रैप केस : हनी ट्रैप मामले में BJP नेता गिरफ्तार, श्वेता जैन बनना चाहती हैं सरकारी गवाह, शराब कारोबारी के ब्लैकमेलिंग से जुड़ा मामला
द्वारका न्यूज़
प्रधान संपादक विक्रम सिंह तोमर
21 मई 2026
मई 2026 की ताज़ा खबरों के अनुसार, इंदौर पुलिस ने एक हाई-प्रोफाइल हनी ट्रैप और ब्लैकमेलिंग गिरोह का भंडाफोड़ किया है, जिसमें कई चौंकाने वाले नाम सामने आए हैं।
मुख्य विवरण और घटनाक्रम: • गिरोह का संचालन: खबरों के अनुसार, इस गिरोह में शामिल सदस्य प्रभावशाली व्यक्तियों से संपर्क बढ़ाकर उन्हें अपने जाल में फंसाते थे। इसके बाद, आपत्तिजनक सामग्री के आधार पर उनसे भारी धनराशि की मांग की जाती थी।
• आरोपियों की पृष्ठभूमि: पकड़े गए आरोपियों में से कुछ पहले भी इसी तरह के मामलों में शामिल रहे हैं। जांच के दौरान यह भी सामने आया है कि गिरोह के सदस्यों ने जेल में रहने के दौरान इस नेटवर्क को बढ़ाने की योजना बनाई थी।
• हालिया कार्रवाई: पुलिस ने इस मामले में कई संदिग्धों को हिरासत में लिया है और उनसे पूछताछ जारी है। गिरोह के कुछ सदस्यों ने जांच में सहयोग करने और कानूनी प्रक्रियाओं में गवाह बनने की पेशकश भी की है।
सागर से हिरासत में ली गई महिला आरोपी
सूत्रों के अनुसार पुलिस ने बुधवार को सागर से रेशू उर्फ अभिलाषा चौधरी को हिरासत में लिया। बताया जा रहा है कि वह भाजपा के एक प्रकोष्ठ में पदाधिकारी रह चुकी है। जांच एजेंसियों को शक है कि वह कथित हनी ट्रैप नेटवर्क में सक्रिय भूमिका निभा रही थी और प्रभावशाली लोगों तक पहुंच बनाने का काम करती थी।
पुलिस के निशाने पर पूरा नेटवर्क
इससे पहले क्राइम ब्रांच ने श्वेता विजय जैन, महिला शराब तस्कर अलका दीक्षित, उसके बेटे जयदीप, प्रॉपर्टी कारोबारी लाखन चौधरी और हेड कॉन्स्टेबल विनोद शर्मा को भी हिरासत में लिया था। जांच में सामने आया है कि सभी आरोपी मिलकर कथित ब्लैकमेलिंग नेटवर्क चला रहे थे। पुलिस अब इनके बीच हुए संपर्कों और लेन-देन की कड़ियां जोड़ने में जुटी है।
• कानूनी प्रक्रिया: पुलिस अब तक इस मामले में कई गिरफ्तारियां कर चुकी है और गिरोह के वित्तीय लेनदेन की भी जांच की जा रही है ताकि यह पता लगाया जा सके कि उन्होंने अब तक कितनी अवैध संपत्ति अर्जित की है।









