मातृभूमि के गौरव और सम्मान की रक्षा के लिए अपने प्राणों की आहुति देने वाले, वीरता व राष्ट्रभक्ति के अमर प्रतीक, महापराक्रमी योद्धा, वीर शिरोमणि महाराणा प्रताप जी की जयंती (तिथि अनुसार)

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मेवाड़ की आन, बान और शान वीर शिरोमणि महाराणा प्रताप जी को उनकी जयंती पर कोटि-कोटि नमन।🙏💐🌹

प्रताप संपादक विक्रम सिंह तोमर

लेखक विश्वनाथ सिंह सिकरवार छुन्ना

वरिष्ठ समाजसेवी

आज हम उस महान योद्धा को स्मरण करते हैं जिन्होंने अपने स्वाभिमान, अदम्य साहस और मातृभूमि के प्रति अटूट समर्पण से इतिहास के स्वर्णिम पन्नों पर अमिट छाप छोड़ी। महाराणा प्रताप केवल एक राजा नहीं थे, बल्कि स्वतंत्रता, आत्मसम्मान और राष्ट्रभक्ति के जीवंत प्रतीक थे। उन्होंने विपरीत परिस्थितियों में भी कभी अपने सिद्धांतों से समझौता नहीं किया। राजमहलों का सुख त्यागकर जंगलों और पहाड़ों में संघर्षपूर्ण जीवन बिताया, लेकिन मातृभूमि की स्वतंत्रता और स्वाभिमान की रक्षा के लिए कभी अपने कदम पीछे नहीं हटाए। उनका जीवन हमें सिखाता है कि कठिन से कठिन परिस्थितियों में भी सत्य, धर्म और सम्मान के मार्ग पर अडिग रहना ही सच्ची वीरता है। हल्दीघाटी का युद्ध में उनका अद्भुत पराक्रम और उनके प्रिय अश्व चेतक की स्वामिभक्ति आज भी हर भारतीय के हृदय में गर्व और प्रेरणा का स्रोत है। त्याग, तपस्या, संघर्ष और राष्ट्रप्रेम की जो मिसाल उन्होंने स्थापित की, वह आने वाली पीढ़ियों को सदैव प्रेरित करती रहेगी। आइए, इस पावन अवसर पर हम उनके आदर्शों को अपने जीवन में अपनाने का संकल्प लें स्वाभिमान से जीने का, धर्म और राष्ट्र के प्रति समर्पित रहने का, और अन्याय के विरुद्ध सदैव दृढ़ता से खड़े रहने का।

 

“मातृभूमि की रक्षा और स्वाभिमान के लिए संघर्ष करने वाला योद्धा कभी पराजित नहीं होता, वह युगों-युगों तक अमर रहता है।”

वीरता, त्याग, राष्ट्रभक्ति और स्वाभिमान के अमर प्रतीक

महाराणा प्रताप जी की जयंती पर शत्-शत् नमन।🙏💐

जय मेवाड़! जय महाराणा प्रताप! जय हिन्द!

Vikram singh tomar
Author: Vikram singh tomar

DWARKA NEWS NATIONAL NETWORK

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