मठ-मंदिरों की जमीन नीलामी के विरोध में पुजारियों का बिगुल
द्वारका न्यूज़ प्रधान संपादक विक्रम सिंह
5 जुलाई 2026
गुना से शुरू होगा प्रदेशव्यापी अभियान, मांगें नहीं मानीं तो भोपाल से होगा उग्र आंदोलन

गुना। लक्ष्मी नारायण मंदिर, भुजरिया तालाब, गुना में शनिवार को मठ-मंदिर पुजारी संघ की जिला स्तरीय बैठक आयोजित की गई। बैठक की अध्यक्षता महंत श्री राघवेंद्र दास जी ने की। बैठक में प्रदेश सरकार द्वारा मठ-मंदिरों की जमीनों को लेकर पुजारियों को भेजे जा रहे नोटिसों पर गहरा विरोध जताया गया।
बैठक में सर्वसम्मति से निर्णय लिया गया कि अब गांव-गांव, तहसील और ब्लॉक स्तर पर बैठकें आयोजित कर मंदिरों के पुजारियों को एकजुट किया जाएगा। इसके बाद भोपाल में विशाल धरना-प्रदर्शन किया जाएगा। पुजारी संघ ने चेतावनी दी कि यदि सरकार ने उनकी मांगों पर सकारात्मक निर्णय नहीं लिया तो पूरे मध्य प्रदेश में चरणबद्ध और उग्र आंदोलन शुरू किया जाएगा, जिसकी जिम्मेदारी शासन-प्रशासन की होगी।
संघ के पदाधिकारियों का कहना है कि मठ-मंदिरों की भूमि सरकारी नहीं, बल्कि वर्षों पहले श्रद्धालुओं और दानदाताओं द्वारा मंदिरों के रखरखाव, पूजा-पाठ और पुजारियों के भरण-पोषण के लिए दान की गई थी। इसलिए इन जमीनों पर सरकारी दावा उचित नहीं है।
बैठक में यह भी मांग उठाई गई कि यदि सरकार इन संपत्तियों को अपना मानती है, तो मंदिरों के पुजारियों को सरकारी कर्मचारी घोषित किया जाए तथा उन्हें वेतन, भत्ते और अन्य सभी सरकारी सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएं।
मुख्य बातें
- भुजरिया तालाब स्थित लक्ष्मी नारायण मंदिर में हुई जिला स्तरीय बैठक।
- मठ-मंदिरों की जमीनों पर नोटिस का विरोध।
- गांव, तहसील और ब्लॉक स्तर पर जनजागरण अभियान चलाने का निर्णय।
- भोपाल में धरना-प्रदर्शन की तैयारी।
- मांगें नहीं मानी गईं तो पूरे प्रदेश में उग्र आंदोलन की चेतावनी।






