Guna News: शादी का झांसा देकर 5 साल तक दुष्कर्म का आरोप, केस दर्ज होते ही पुलिस ने 24 घंटे में आरोपी को पकड़ा
द्वारका न्यूज़
प्रधान संपादक विक्रम सिंह तोमर
1 सितंबर 2026
कैंट थाना पुलिस की त्वरित कार्रवाई; 27 वर्षीय युवती की शिकायत पर अशोक रजक गिरफ्तार, कोर्ट ने न्यायिक अभिरक्षा में भेजा जेल
गुना। गुना जिले में महिला संबंधी अपराध के एक गंभीर मामले में कैंट थाना पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए शिकायत दर्ज होने के महज 24 घंटे के भीतर आरोपी को गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया, जहां से उसे न्यायिक अभिरक्षा में जेल भेज दिया गया।
पुलिस के अनुसार 31 अगस्त 2026 को 27 वर्षीय युवती ने कैंट थाने में पुरानी छावनी निवासी अशोक रजक के खिलाफ शिकायत दर्ज कराई थी। युवती ने आरोप लगाया कि आरोपी ने उसे शादी का झांसा देकर पिछले करीब पांच वर्षों से उसके साथ दुष्कर्म किया।
शिकायत मिलते ही पुलिस ने शुरू की आरोपी की तलाश
मामले की गंभीरता को देखते हुए कैंट थाना पुलिस ने तत्काल कार्रवाई शुरू की। पुलिस ने आरोपी की तलाश के लिए मुखबिर तंत्र को सक्रिय किया और संभावित ठिकानों पर दबिश दी।
पुलिस के मुताबिक लगातार किए गए प्रयासों के बाद 1 सितंबर 2026 को अशोक पुत्र कल्याण रजक, उम्र 32 वर्ष, निवासी पुरानी छावनी, गुना को गिरफ्तार कर लिया गया।
कोर्ट में पेश करने के बाद जेल भेजा
पुलिस ने आरोपी के खिलाफ कैंट थाने में अपराध क्रमांक 746/26 के तहत धारा 69, 115(2) बीएनएस में मामला दर्ज कर विवेचना शुरू की थी। गिरफ्तारी के बाद नियमानुसार कानूनी प्रक्रिया पूरी कर आरोपी को न्यायालय के समक्ष पेश किया गया। न्यायालय के आदेश पर आरोपी को न्यायिक अभिरक्षा में जेल भेज दिया गया।
एसपी के नेतृत्व में महिला अपराधों पर त्वरित कार्रवाई
पुलिस के अनुसार गुना पुलिस अधीक्षक श्रीमती हितिका वासल के नेतृत्व में महिला एवं बाल अपराधों को गंभीरता से लेते हुए आरोपियों के खिलाफ त्वरित कार्रवाई की जा रही है। इस मामले में अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक प्रशांत सिंह सुमन के मार्गदर्शन एवं प्रभारी सीएसपी आनंद राय के पर्यवेक्षण में कैंट थाना प्रभारी निरीक्षक अनूप कुमार भार्गव और उनकी टीम ने कार्रवाई की।
इन पुलिसकर्मियों की रही विशेष भूमिका
कार्रवाई में थाना प्रभारी निरीक्षक अनूप कुमार भार्गव, उपनिरीक्षक अरुंधती राजावत, आरक्षक राजू बघेल, आरक्षक शुभम रघुवंशी, सैनिक जीतू अहिरवार तथा साइबर सेल के आरक्षक कुलदीप यादव और आरक्षक भूपेन्द्र खटीक की विशेष भूमिका रही।
नोट: मामले में लगाए गए आरोप पुलिस में दर्ज शिकायत और प्रकरण के आधार पर हैं। आरोपों की अंतिम पुष्टि न्यायिक प्रक्रिया एवं विवेचना के निष्कर्ष के बाद होगी।









